धोरैया पंचायत समिति की बैठक में जनसमस्याओं पर गरमाई चर्चा, अतिक्रमण, स्कूल भवन, पर्चाधारियों को जमीन और जलजमाव का मुद्दा छाया

बांका जिले के धोरैया प्रखंड स्थित बहुउद्देशीय सभागार में गुरुवार को पंचायत समिति की सामान्य बैठक प्रखंड प्रमुख रंजू देवी की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक का संचालन प्रखंड विकास पदाधिकारी अरविंद कुमार ने किया।
बैठक में अंचल अधिकारी अनुज कुमार झा, राजस्व पदाधिकारी काजल कुमारी, सीडीपीओ कुमारी हेमा, कार्यक्रम पदाधिकारी सत्येंद्र कुमार, विधायक प्रतिनिधि गोपाल दास, विभिन्न विभागों के पदाधिकारी, सभी पंचायतों के मुखिया, पंचायत समिति सदस्य एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। सभी विभागों की योजनाओं और विकास कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई तथा जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
बैठक के दौरान सबसे अधिक चर्चा सरकारी जमीन पर अतिक्रमण, विद्यालय भवन निर्माण, महादलित परिवारों को पर्चा मिलने के बावजूद जमीन पर कब्जा नहीं मिलने तथा जलजमाव की समस्या को लेकर हुई।


सिझत बलियास पंचायत के मुखिया ग्यास खां ने भतुवाचक उत्क्रमित विद्यालय की भूमि पर अतिक्रमण, चारों ओर कच्ची नाली और जलनिकासी की समस्या उठाते हुए शीघ्र कार्रवाई की मांग की। पंचायत समिति सदस्य रामजी पासवान ने खड़ौंधा प्राथमिक विद्यालय के भवन एवं चहारदीवारी निर्माण में हो रही देरी पर सवाल उठाए। वहीं बिरनियां पंचायत के मुखिया अमरेंद्र कुमार सिंह ने भी विद्यालय भवन निर्माण कार्य लंबे समय से बाधित रहने की जानकारी दी।
बटसार पंचायत समिति सदस्य मनोज कुमार मंडल ने भूमि मापी के दौरान अमीनों द्वारा अवैध राशि मांगने का आरोप लगाया। इस पर अंचल अधिकारी अनुज कुमार झा ने मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मुखिया दीनबंधु दीनानाथ ने महादलित परिवारों को पर्चा मिलने के बावजूद कब्जा नहीं मिलने का मुद्दा उठाया, जबकि मुखिया ग्यास खां ने वार्ड संख्या-4 सहित फुलवरिया क्षेत्र के पर्चाधारियों को भी अब तक जमीन उपलब्ध नहीं कराए जाने की शिकायत की। उन्होंने कहा कि पर्चा तो जारी हो जाता है, लेकिन जमीन पर अब भी दबंगों का कब्जा बना हुआ है।


विधायक प्रतिनिधि गोपाल दास ने कुर्मा पंचायत के मंदार डेरू स्थित जर्जर आंगनबाड़ी केंद्र का मामला उठाते हुए बताया कि एनओसी नहीं मिलने के कारण नया भवन निर्माण शुरू नहीं हो पा रहा है।
चंदाडीह पंचायत के मुखिया अभय कुमार सिंह ने लगभग 6 एकड़ 45 डिसमिल सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की। वहीं आंगनबाड़ी सेविका बहाली के संबंध में सीडीपीओ कुमारी हेमा ने बताया कि प्रक्रिया फिलहाल पूरे बिहार में स्थगित है। सरकार से निर्देश मिलते ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के अंत में विभागीय पदाधिकारियों ने जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाए गए सभी मामलों पर नियमानुसार जांच एवं आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। पंचायत समिति की इस बैठक में विकास कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ जनहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर गंभीर चर्चा हुई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!